कैंसर के खिलाफ इतिहास की सबसे बड़ी सफलता: FDA ने पैनक्रिएटिक कैंसर की क्रांतिकारी गोली को दी मंजूरी
दशकों से 'अजेय' माने जाने वाले KRAS म्यूटेशन को ध्वस्त करेगी नई दवा 'रासोंक', मरीजों की जिंदगी दोगुनी करने की जगी उम्मीद।
दुनिया के सबसे घातक कैंसरों में शुमार पैनक्रिएटिक कैंसर (अग्नाशय के कैंसर) के खिलाफ लड़ाई में चिकित्सा जगत को एक ऐतिहासिक सफलता मिली है। अमरीकी फूड एंड ड्रग एडमिनिस्ट्रेशन (FDA) ने एडवांस्ड पैनक्रिएटिक कैंसर के इलाज के लिए 'डाराक्सोनरासिब' (Daraxonrasib) दवा को फास्ट-ट्रैक अप्रूवल दे दिया है। रेवोल्यूशन मेडिसिन्स कंपनी द्वारा निर्मित यह दवा बाजार में 'रासोंक' (Rasonk) ब्रांड नाम से उपलब्ध होगी। FDA ने इसकी असाधारण प्रभावशीलता को देखते हुए तय सीमा से 6 महीने पहले ही इसे मंजूरी प्रदान कर दी।
दशकों पुराना 'अनड्रगेबल' प्रोटीन अब हुआ बेअसर
पैनक्रिएटिक कैंसर को शुरुआती चरणों में पहचानना बेहद मुश्किल होता है, जिससे यह जानलेवा रूप ले लेता है। 90 प्रतिशत से अधिक मामलों में ट्यूमर के तेजी से बढ़ने की मुख्य वजह KRAS जीन म्यूटेशन होती है।
मॉलिक्यूलर ग्लू तकनीक: KRAS प्रोटीन की संरचना ऐसी जटिल होती है कि दशकों से वैज्ञानिक इसे निशाना बनाने में नाकाम रहे थे और इसे 'अनड्रगेबल' (जिस पर दवा असर न करे) माना जाता था।
सटीक प्रहार: रासोंक एक ऐसी अनूठी गोली (Oral Pill) है जो 'मॉलिक्यूलर ग्लू' की तरह काम करती है। यह KRAS के विभिन्न सब-टाइप्स से जुड़कर कैंसर कोशिकाओं की ग्रोथ को पूरी तरह ब्लॉक कर देती है।
क्लीनिकल ट्रायल में चमत्कारिक परिणाम
लगभग 500 मेटास्टैटिक (शरीर में फैल चुके) कैंसर मरीजों पर किए गए अध्ययन में चौंकाने वाले सकारात्मक नतीजे सामने आए हैं:
| मानक | पारंपरिक कीमोथेरेपी | नई दवा (रासोंक) |
|---|---|---|
| जीवित रहने की संभावना | सीमित समय | लगभग दोगुनी |
| विषाक्त साइड इफेक्ट्स | अत्यधिक और गंभीर | बेहद कम और सहने योग्य |
| इलाज का तरीका | दर्दनाक ड्रिप/अस्पताल भर्ती | रोजाना ली जाने वाली एक गोली |
कीमत और अन्य कैंसर के इलाज की नई उम्मीद
यह दवा रोजाना खाई जाने वाली गोली के रूप में उपलब्ध होगी। कंपनी के अनुसार, इसके एक महीने के कोर्स की कीमत $39,800 (लगभग 33 लाख रुपये) तय की गई है।
हालांकि यह कीमत काफी अधिक है, लेकिन विशेषज्ञ इसे कैंसर रिसर्च के क्षेत्र में एक नया युग मान रहे हैं। इसी तकनीक पर आधारित दर्जनों नई दवाएं अभी डेवलपमेंट स्टेज में हैं। कंपनी अब इस मॉलिक्यूलर तकनीक का परीक्षण फेफड़ों के कैंसर (Lung Cancer) समेत अन्य घातक कैंसरों पर भी कर रही है।
आंकड़ों की जुबानी: क्यों अहम है यह खोज?
अमेरिकन कैंसर सोसाइटी के आंकड़े इस बीमारी की भयावहता को दर्शाते हैं:
सालाना नए मामले: अकेले अमेरिका में लगभग 67,000 नए मामले सामने आते हैं।
सालाना मौतें: इस बीमारी से 52,000 से अधिक लोगों की जान चली जाती है।
सर्वाइवल रेट: पैनक्रिएटिक कैंसर के मरीजों की 5 साल की सर्वाइवल दर (जीवित रहने की दर) महज 13 प्रतिशत है।
यह नया अप्रूवल न सिर्फ पैनक्रिएटिक कैंसर के मरीजों के लिए एक नया जीवनदान साबित होगा, बल्कि आने वाले समय में अन्य असाध्य कैंसरों के सटीक इलाज के रास्ते भी खोलेगा।